उत्कर्ष और अपकर्ष की कहानी है कविता,
हर संघर्ष के खून की रवानी है कविता |
जो धूप में सुकूं दे वो एहसास है कविता,
जो अधमरे को सांस दे वो आभास है कविता |
चाय औ शराब के दौर हैं कविता,
जो शब्दों को रंग दे कुछ और है वो कविता |
जो रगों में जुनूं भर दे वो राग है कविता,
हमारे जीवन का सबसे बड़ा स्वांग है कविता |
इस भाग-दौड़ में राहत का अपवाद है कविता,
हर भटकते मन का खुद से संवाद है कविता |
#विश्व_कविता_दिवस की शुभ कामनाएं